Connect with us

World News

‘भारत की चिंता जायज होगी…’ Trump के Pharma Tariff प्लान पर Marco Rubio का बड़ा बयान, Jaishankar संग बैठक में क्या हुई चर्चा?

Manila में हुई मुलाकात के बाद US Secretary of State Marco Rubio ने कहा कि Donald Trump के प्रस्तावित दवा आयात शुल्क को लेकर भारत की चिंता स्वाभाविक है, हालांकि यह मुद्दा उनकी S. Jaishankar से बातचीत में नहीं उठा।

Published

on

Trump के Pharma Tariff प्लान पर Marco Rubio बोले- भारत की चिंता स्वाभाविक, Jaishankar से नहीं हुई चर्चा
Manila में बैठक के बाद Donald Trump के Pharma Tariff प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया देते हुए US Secretary of State Marco Rubio।

नई दिल्ली: अमेरिका के विदेश मंत्री Marco Rubio ने Donald Trump के प्रस्तावित फार्मा टैरिफ (Pharmaceutical Tariffs) पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यदि अमेरिका आयातित जेनेरिक दवाओं (Generic Medicines) पर भारी शुल्क लगाता है, तो भारत की चिंता स्वाभाविक होगी। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि External Affairs Minister S. Jaishankar के साथ उनकी हालिया बैठक में इस विषय पर कोई विस्तृत चर्चा नहीं हुई।

क्या बोले Marco Rubio?

Manila में ASEAN Foreign Ministers’ Meeting के दौरान पत्रकारों से बातचीत में Marco Rubio से पूछा गया कि क्या S. Jaishankar ने प्रस्तावित टैरिफ पर भारत की चिंता जताई।

इस पर Rubio ने कहा,“हमारी बातचीत में फार्मास्यूटिकल्स पर विस्तार से चर्चा नहीं हुई। लेकिन मुझे उम्मीद है कि भारत इस मुद्दे को लेकर चिंतित होगा। हालांकि उन्होंने यह विषय मेरे सामने नहीं उठाया। संभव है कि हमारी सरकार के अन्य अधिकारियों के साथ इस पर चर्चा हुई हो, क्योंकि भारत हमारे बेहद करीबी साझेदारों में से एक है।”

Trump ने क्या प्रस्ताव दिया है?

हाल ही में Donald Trump ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर घोषणा की थी कि जेनेरिक दवाओं का उत्पादन करने वाली कंपनियों को दो साल के भीतर अपनी मैन्युफैक्चरिंग United States में स्थानांतरित करनी होगी। ऐसा नहीं करने पर उनके उत्पादों पर 100 प्रतिशत आयात शुल्क (Import Tariff) लगाया जाएगा, जिसे एक साल बाद बढ़ाकर 200 प्रतिशत तक किया जा सकता है।

हालांकि, इस प्रस्ताव से जुड़ा आधिकारिक कार्यकारी आदेश (Executive Order) अभी जारी नहीं हुआ है।

भारतीय फार्मा कंपनियों पर दिखा असर

Trump के प्रस्ताव के बाद भारतीय शेयर बाजार में फार्मा सेक्टर पर दबाव देखने को मिला। Nifty Pharma Index में करीब 1.3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

और भी पढ़ें : ‘Iran ने हमला किया तो Tehran के ब्रिज और पावर प्लांट तबाह कर देंगे…’ Donald Trump की नई चेतावनी से बढ़ा वैश्विक तनाव

वहीं, Dr. Reddy’s Laboratories के शेयर लगभग 1.9 प्रतिशत और Cipla के शेयर करीब 1.2 प्रतिशत तक फिसल गए। निवेशक इस बात का आकलन कर रहे हैं कि यदि टैरिफ लागू होता है, तो भारतीय दवा निर्यात पर इसका कितना असर पड़ेगा।

अमेरिका के लिए क्यों अहम है भारत?

भारत दुनिया में सस्ती जेनेरिक दवाओं का सबसे बड़ा उत्पादक माना जाता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, 2024 में United States में इस्तेमाल होने वाली आधी से अधिक जेनेरिक दवाएं भारत से आई थीं। इनमें गर्भनिरोधक गोलियां, एंटी-डिप्रेसेंट और हाई ब्लड प्रेशर की दवाएं शामिल हैं।

Trump के Pharma Tariff प्लान पर Marco Rubio बोले- भारत की चिंता स्वाभाविक, Jaishankar से नहीं हुई चर्चा


इसके अलावा, United States Food and Drug Administration (USFDA) द्वारा मंजूर किए गए सबसे अधिक विदेशी दवा निर्माण संयंत्र भी भारत में ही स्थित हैं।

व्यापार समझौते पर भी हुई चर्चा

Marco Rubio और S. Jaishankar की बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने India-US Interim Trade Agreement को जल्द अंतिम रूप देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

वहीं, ASEAN-India Foreign Ministers’ Meeting को संबोधित करते हुए S. Jaishankar ने कहा कि मौजूदा वैश्विक परिस्थितियों में मजबूत और भरोसेमंद सप्लाई चेन विकसित करना बेहद जरूरी है। उन्होंने ऊर्जा, खाद्य और स्वास्थ्य सुरक्षा को भविष्य की बड़ी प्राथमिकता बताया।

फिलहाल, Marco Rubio के बयान से संकेत मिलता है कि Washington भारत की चिंताओं को समझता है, लेकिन दोनों देशों के बीच व्यापार और रणनीतिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर भी समान रूप से ध्यान दिया जा रहा है।