Connect with us

Bollywood News

Bharathiraja के निधन से सिनेमा जगत शोक में डूबा, CM Vijay से लेकर AR Rahman और Kamal Haasan तक ने दी भावुक श्रद्धांजलि

तमिल सिनेमा को नई पहचान देने वाले दिग्गज फिल्मकार भारतीराजा का निधन, अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ होगा।

Published

on

Dainik Diary Zaid 5 5
दिग्गज फिल्मकार भारतीराजा के निधन पर सिनेमा जगत और राजनीतिक हस्तियों ने भावुक श्रद्धांजलि अर्पित की।

भारतीय सिनेमा जगत ने एक ऐसे महान फिल्मकार को खो दिया है, जिसने अपनी कहानियों और निर्देशन से लाखों दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई। प्रसिद्ध निर्देशक भारतीराजा का बुधवार को उम्र संबंधी स्वास्थ्य समस्याओं के चलते निधन हो गया। उनके निधन की खबर सामने आते ही फिल्म इंडस्ट्री और राजनीतिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई।

तमिल सिनेमा को ग्रामीण परिवेश और वास्तविक जीवन की कहानियों से नई दिशा देने वाले भारतीराजा के जाने से एक युग का अंत माना जा रहा है। उनके निधन पर देशभर के कलाकारों, निर्देशकों, संगीतकारों और नेताओं ने भावुक श्रद्धांजलि अर्पित की।

मुख्यमंत्री विजय ने दी अंतिम विदाई

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एस. जोसेफ विजय ने चेन्नई स्थित भारतीराजा के आवास पहुंचकर उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि दी। उन्होंने दिवंगत निर्देशक के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित किए और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।

मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि भारतीराजा का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा। इस फैसले को उनके सिनेमा में दिए गए अतुलनीय योगदान के सम्मान के रूप में देखा जा रहा है।

और भी पढ़ें : Dhanush और Siruthai Siva पहली बार करेंगे साथ काम? 2027 में शुरू होगी बड़े एक्शन एंटरटेनर की शूटिंग

ममूटी ने जताया दुख

मलयालम सिनेमा के सुपरस्टार ममूटी ने सोशल मीडिया पर भारतीराजा की तस्वीर साझा करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने संक्षिप्त लेकिन भावुक संदेश में लिखा कि वे इस अपूरणीय क्षति से बेहद दुखी हैं।

भारतीराजा और ममूटी के बीच लंबे समय से पेशेवर और व्यक्तिगत संबंध रहे थे, जिसके चलते यह खबर उनके लिए भी बेहद भावुक रही।

मोहनलाल ने कहा – मिट्टी में कविता खोजने वाले निर्देशक थे

अभिनेता मोहनलाल ने भारतीराजा को याद करते हुए कहा कि वे ऐसे निर्देशक थे जिन्होंने मिट्टी में कविता, खामोशी में सच्चाई और हर फ्रेम में आत्मा खोज ली थी।

Dainik Diary Zaid 4 4


उन्होंने लिखा कि भारतीराजा के साथ स्क्रीन साझा करना उनके जीवन के सबसे सम्मानजनक अनुभवों में से एक था। मोहनलाल ने कहा कि उनकी विरासत आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।

एसएस राजामौली ने बताया दूरदर्शी फिल्मकार

ब्लॉकबस्टर फिल्मों के लिए मशहूर निर्देशक एसएस राजामौली ने भारतीराजा को भारतीय सिनेमा का सच्चा पथप्रदर्शक बताया।

उन्होंने कहा कि भारतीराजा ने अपनी बेबाक और यथार्थवादी कहानियों के जरिए सिनेमा की दिशा बदल दी थी। ग्रामीण जीवन को जिस ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ उन्होंने बड़े पर्दे पर उतारा, वह हमेशा याद रखा जाएगा।

एआर रहमान ने किया भावुक याद

संगीतकार एआर रहमान ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि तमिल गांवों की खूबसूरती, प्रेम और जीवन को जिस तरह भारतीराजा ने पर्दे पर दिखाया, वैसा शायद ही किसी और ने किया हो।

रहमान ने कहा कि भारतीराजा ने उनके संगीत को दक्षिण भारत के दूर-दराज गांवों तक पहुंचाया और उन लोगों की कहानियों को दुनिया के सामने रखा, जिनकी आवाज अक्सर अनसुनी रह जाती है।

कमल हासन बोले – इंसान चला गया, कला अमर रहेगी

दिग्गज अभिनेता कमल हासन ने कहा कि भारतीराजा भले ही इस दुनिया से चले गए हों, लेकिन उनकी कला हमेशा जीवित रहेगी।

उन्होंने भावुक अंदाज में कहा कि वह नुकसान की गिनती नहीं कर रहे, बल्कि यह सोच रहे हैं कि उन्हें भारतीराजा जैसे महान फिल्मकार के साथ काम करने का अवसर मिला। यह उनके जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है।

राघव लॉरेंस ने टाला बड़ा ऐलान

अभिनेता और कोरियोग्राफर राघव लॉरेंस ने बताया कि वह गुरुवार को अपने जीवन से जुड़ा एक महत्वपूर्ण ऐलान करने वाले थे, लेकिन भारतीराजा के निधन के सम्मान में उन्होंने इसे स्थगित करने का फैसला किया है।

उन्होंने कहा कि यह क्षति उनके लिए किसी पारिवारिक सदस्य को खोने जैसी है। इसलिए उन्होंने अपना ऐलान एक दिन आगे बढ़ाने का निर्णय लिया।

अल्लू अर्जुन ने भी दी श्रद्धांजलि

तेलुगु सुपरस्टार अल्लू अर्जुन ने भी सोशल मीडिया पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि भारतीराजा भारतीय सिनेमा के ऐसे महान कलाकार थे जिनकी सोच, कहानी कहने का अंदाज और योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।

अल्लू अर्जुन ने कहा कि उनकी विरासत आने वाली पीढ़ियों के फिल्मकारों और कलाकारों को प्रेरित करती रहेगी।

तमिल सिनेमा के एक युग का अंत

भारतीराजा ने अपने करियर में कई ऐसी फिल्में दीं जिन्होंने भारतीय सिनेमा में ग्रामीण जीवन को नई पहचान दिलाई। उनकी फिल्मों में गांव, रिश्ते, भावनाएं और सामाजिक मुद्दे बेहद संवेदनशील तरीके से दिखाए जाते थे।

उनकी कहानी कहने की शैली ने न सिर्फ तमिल सिनेमा बल्कि पूरे भारतीय फिल्म उद्योग को प्रभावित किया। यही वजह है कि उनके निधन को केवल एक फिल्मकार का जाना नहीं, बल्कि सिनेमा के एक स्वर्णिम अध्याय का अंत माना जा रहा है।

आज भले ही भारतीराजा हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी फिल्में, उनके किरदार और उनकी कहानियां हमेशा जीवित रहेंगी।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *